सूरजकुंड: इतिहास, मेला और यात्रा गाइड
सूरजकुंड: इतिहास, मेला और यात्रा गाइड परिचय: हरियाणा राज्य के फरीदाबाद जिले में स्थित सूरजकुंड भारत की एक ऐतिहासिक और सांस्कृतिक धरोहर है। यह स्थान न केवल प्राचीन स्थापत्य कला का उदाहरण है, बल्कि हर साल आयोजित होने वाले सूरजकुंड अंतर्राष्ट्रीय शिल्प मेला के लिए भी विश्व प्रसिद्ध है। दिल्ली से मात्र 8 किलोमीटर की दूरी पर स्थित यह स्थल प्रकृति प्रेमियों, इतिहास के शोधकर्ताओं और कला प्रेमियों के लिए एक आदर्श गंतव्य है। 🏛️ सूरजकुंड का इतिहास सूरजकुंड का निर्माण 10वीं सदी में तोमर वंश के राजा सूरजपाल ने करवाया था, जो सूर्य उपासक थे। 'सूरजकुंड' नाम का अर्थ है – सूर्य का तालाब। यह एक अर्धचंद्राकार कुंड (जलाशय) है जो अरावली पर्वत श्रृंखला की गोद में स्थित है। इस कुंड को जल संचयन, धार्मिक अनुष्ठानों और सूर्य उपासना के लिए बनाया गया था। पास ही एक सूर्य मंदिर के अवशेष भी मिलते हैं, जो इसके धार्मिक महत्व को दर्शाते हैं। और पढ़े 👉 सुबह जल्दी उठने की आदत कैसे बनाएं? सफलता की पहली सीढ़ी 🎨 सूरजकुंड मेला: शिल्प, संस्कृति और परंपरा का उत्सव हर साल फरवरी माह ...